सावधान नेशन न्यूज
तरुण कश्यप
उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में ‘एक्स-मुस्लिम’ यूट्यूबर सलीम अहमद (सलीम वास्तिक) पर जानलेवा हमला करने वाले मुख्य आरोपी जीशान को पुलिस ने एक मुठभेड़ के दौरान ढेर कर दिया है। जीशान पर पुलिस ने 1 लाख रुपये का इनाम घोषित किया था।
मुठभेड़ का विवरण
- स्थान: गाजियाबाद के लोनी थाना क्षेत्र में रविवार देर रात यह मुठभेड़ हुई।
- कार्रवाई: पुलिस चेकिंग के दौरान बाइक सवार बदमाश ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में आरोपी जीशान को गोली लगी और अस्पताल ले जाते समय उसने दम तोड़ दिया।
- बरामदगी: एनकाउंटर स्थल से एक विदेशी पिस्तौल (‘मेड इन इटली’), कारतूस और वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक बरामद की गई है।
- पुलिस घायल: इस मुठभेड़ में लोनी थाना प्रभारी बाल-बाल बचे (गोली बुलेटप्रूफ जैकेट पर लगी), जबकि दो पुलिसकर्मी घायल हुए हैं जिनका इलाज चल रहा है।
क्या था मामला?
- हमला: 26 फरवरी 2026 की सुबह, दो हेलमेट पहने हमलावरों ने लोनी स्थित सलीम वास्तिक के कार्यालय में घुसकर उन पर चाकू से 14 बार वार किए थे।
- हालत: सलीम वास्तिक वर्तमान में दिल्ली के GTB अस्पताल में गंभीर हालत में भर्ती हैं।
- कारण: पुलिस के अनुसार, सलीम द्वारा अपने यूट्यूब चैनल पर धार्मिक कुरीतियों और कट्टरता के खिलाफ दिए गए बयानों से नाराज होकर इस हमले की साजिश रची गई थी।
- FIR: सलीम के बेटे उस्मान की शिकायत पर 7 लोगों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज की गई थी, जिसमें एक स्थानीय नेता का नाम भी शामिल है।
सरकार का कड़ा रुख
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस घटना का कड़ा संज्ञान लेते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए थे। पुलिस ने आरोपियों को पकड़ने के लिए 10 विशेष टीमें गठित की थीं।
लोनी के पास हुई मुठभेड़
घटना की जानकारी देते हुए गाजियाबाद पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि रविवार रात स्वाट टीम और लोनी थाना पुलिस इलाके में संदिग्धों की तलाश में चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान बाइक सवार एक संदिग्ध को रोकने का इशारा किया गया, लेकिन उसने रुकने के बजाय पुलिस टीम पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी गोलियां चलाईं, जिसमें मुख्य आरोपी जीशान गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे इलाज के लिए नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
विदेशी हथियार और साक्ष्य बरामद
पुलिस के अनुसार, मुठभेड़ स्थल से एक इटैलियन मेड (विदेशी) पिस्तौल, भारी मात्रा में कारतूस और एक बिना नंबर की मोटरसाइकिल बरामद की गई है। इस कार्रवाई के दौरान लोनी थाना प्रभारी की बुलेटप्रूफ जैकेट पर गोली लगी, जिससे उनकी जान बच गई, हालांकि मुठभेड़ में शामिल दो अन्य सिपाही घायल हुए हैं जिन्हें उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
क्यों हुआ था सलीम वास्तिक पर हमला?
सलीम वास्तिक एक लोकप्रिय यूट्यूबर हैं जो ‘एक्स-मुस्लिम’ विचारधारा को लेकर वीडियो बनाते हैं। वे अपने चैनल के माध्यम से धार्मिक कट्टरता और कुरीतियों पर प्रहार करते थे, जिससे एक विशेष वर्ग उनसे नाराज था। 26 फरवरी की सुबह, जब सलीम अपने लोनी स्थित कार्यालय में मौजूद थे, तब हेलमेट पहनकर आए हमलावरों ने उन पर चाकू से 14 बार हमला किया था। सलीम को गंभीर हालत में दिल्ली के GTB अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ वे वर्तमान में वेंटिलेटर पर जीवन और मौत की जंग लड़ रहे हैं।
साजिश में बड़े नाम शामिल
सलीम के बेटे उस्मान अहमद ने इस मामले में 7 लोगों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज कराई थी। पुलिस जांच में सामने आया है कि हमले की साजिश काफी समय से रची जा रही थी। जीशान इस पूरी वारदात का मुख्य शूटर था। गाजियाबाद पुलिस अब इस मामले के मास्टरमाइंड और अन्य मददगारों की तलाश में जुटी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशों के बाद पुलिस ने इस मामले में जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है।
सलीम वास्तिक पर हमला करके दहशत फैलाने की कोशिश करने वाले जीशान का अंत हो चुका है, लेकिन सवाल अब भी बरकरार है कि इस नफरती साजिश के पीछे असली चेहरा किसका है? उत्तर प्रदेश पुलिस की इस कार्रवाई ने साफ कर दिया है कि सूबे में ‘अपराध करो और बच जाओ’ वाला दौर खत्म हो चुका है। इस मामले की हर छोटी-बड़ी अपडेट के लिए जुड़े रहें सावधान नेशन न्यूज़ के साथ।”