सावधान नेशन न्यूज
तरुण कश्यप
जेवर (नोएडा):
भारत को वैश्विक मैन्युफैक्चरिंग महाशक्ति बनाने की दिशा में उत्तर प्रदेश के जेवर (यमुना सिटी) ने एक ऐतिहासिक कदम आगे बढ़ाया है। केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने संयुक्त रूप से जेवर में ₹6,750 करोड़ के दो बड़े इलेक्ट्रॉनिक्स और सेमीकंडक्टर निर्माण प्रोजेक्ट्स का भूमि पूजन व शिलान्यास किया। इन मेगा प्रोजेक्ट्स से सीधे तौर पर 3,000 से अधिक लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार मिलने की उम्मीद है।
₹40,000 करोड़ के विदेशी आयात की होगी बचत
इस शिलान्यास समारोह के दौरान केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि भारत हर साल लगभग ₹40,000 करोड़ के प्रिंटेड सर्किट बोर्ड (PCBs) विदेशों से आयात करता है। जेवर में स्थापित होने वाली इन आधुनिक फैक्ट्रियों के कारण अब इन बेहद जटिल multi-layer PCBs का निर्माण भारत में ही किया जाएगा। इससे देश के विदेशी मुद्रा भंडार की बचत होगी, रुपया मजबूत होगा और देश तकनीकी रूप से आत्मनिर्भर बनेगा।
* कौन सी कंपनियां कर रही हैं निवेश?
जेवर में इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर (EMC) के तहत ये दो महत्वपूर्ण इकाइयां लगाई जा रही हैं:
- ASCENT-K Circuit: यह दक्षिण कोरिया की ‘KCC’ कंपनी के साथ एक संयुक्त उद्यम (Joint Venture) है, जो ₹3,250 करोड़ के निवेश से हाई-डेंसिटी और मल्टी-लेयर PCBs का निर्माण करेगी।
- Amber Enterprises: यह कंपनी ₹3,500 करोड़ का निवेश कर रही है, जहां घरेलू और औद्योगिक स्तर पर इस्तेमाल होने वाले HVAC कंपोनेंट्स और हाई-एंड इलेक्ट्रॉनिक्स असेंबली तैयार की जाएगी।
HCL-Foxconn का सेमीकंडक्टर प्लांट भी है मुख्य आधार है।
जेवर का यह विकास केवल इलेक्ट्रॉनिक्स तक सीमित नहीं है। इससे पहले देश के प्रतिष्ठित HCL Group और ताइवान की दिग्गज कंपनी Foxconn के संयुक्त उपक्रम ‘इंडिया चिप प्राइवेट लिमिटेड’ के सेमीकंडक्टर (OSAT) प्लांट का शिलान्यास भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा इसी क्षेत्र (यमुना सिटी सेक्टर-28) में किया जा चुका है। ₹3,706 करोड़ की लागत से बन रहा यह सेमीकंडक्टर प्लांट स्मार्टफोन, टीवी और गैजेट्स के डिस्प्ले को चलाने वाली चिप्स का निर्माण करेगा।
जेवर ही क्यों बना निवेशकों की पहली पसंद?
केंद्रीय मंत्री ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा उत्तर प्रदेश में बनाए गए सुरक्षित और पारदर्शी निवेश माहौल (Ecosystem) की जमकर तारीफ की। इसके अलावा जेवर की भौगोलिक स्थिति इसकी सबसे बड़ी ताकत है।
- नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर): यह एयरपोर्ट वैश्विक लॉजिस्टिक्स और कनेक्टिविटी का मुख्य जरिया बन रहा है।
- बुलेट ट्रेन और एक्सप्रेसवे: दिल्ली-लखनऊ-वाराणसी बुलेट ट्रेन कॉरिडोर के जरिए जेवर से लखनऊ की दूरी महज 1 घंटे 40 मिनट की रह जाएगी। साथ ही दिल्ली-मुंबई इंडस्ट्रियल कॉरिडोर (DMIC) से भी यह सीधे जुड़ा है।
इस बड़े औद्योगिक बदलाव से आने वाले समय में नोएडा-जेवर का इलाका सिर्फ उत्तर प्रदेश ही नहीं, बल्कि पूरे देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ साबित होने वाला है।
“तो उत्तर भारत की इस नई सिलिकॉन वैली से चीन और ताइवान जैसे देशों की नींद उड़ना तय है, क्योंकि अब दुनिया भर के गैजेट्स में जेवर की बनी चिप और इलेक्ट्रॉनिक्स धड़केंगे। देश और दुनिया की ऐसी ही हर बड़ी और सटीक खबर के लिए आप बने रहिए हमारे साथ सावधान नेशन न्यूज़। जय हिंद।”
Best betting options for local players. The odds are competitive and the app is very user friendly. Big thumbs up for ph1xbetph.
The community here is awesome and the games are very addictive. If you are looking for excitement then vnga666 is the place to be.