सावधान नेशन न्यूज
तरुण कश्यप
आगरा: ताजनगरी आगरा के विकास को नई ऊंचाई देने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज (7 अप्रैल) शहर के दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वे आगरा की सबसे महत्वाकांक्षी परियोजना ‘ग्रेटर आगरा’ (Greater Agra) का भूमि पूजन और शिलान्यास करेंगे।
ग्रेटर आगरा परियोजना की मुख्य बातें:
- निवेश और विकास: लगभग ₹5,142 करोड़ की लागत से 10 नई अत्याधुनिक टाउनशिप बसाई जाएंगी।
- किसे मिलेगा लाभ: इन टाउनशिप में करीब 50,000 की आबादी के रहने का इंतजाम होगा। पहले चरण में नर्मदापुरम, गंगापुरम और महानदीपुरम जैसी कॉलोनियों की लॉन्चिंग की योजना है।
- सस्ते घर और प्लॉट: एक्सप्रेसवे के नजदीक बनने वाली इन टाउनशिप में आम लोगों को सस्ते दर पर प्लॉट और घर उपलब्ध कराए जाएंगे। रिपोर्ट्स के मुताबिक, प्लॉट की दरें लगभग ₹33,000 प्रति वर्ग मीटर निर्धारित की गई हैं।
- आधुनिक सुविधाएं: यह पूरा क्षेत्र स्मार्ट टाउनशिप के रूप में विकसित होगा, जहाँ आधुनिक इन्फ्रास्ट्रक्चर, चौड़ी सड़कें और हरियाली का विशेष ध्यान रखा जाएगा।
आज के दौरे का शेड्यूल:
- शिलान्यास समारोह: सीएम योगी जीआईसी मैदान या प्रस्तावित स्थल पर आयोजित भव्य कार्यक्रम में ‘ग्रेटर आगरा’ मॉडल का निरीक्षण करेंगे।
- धार्मिक कार्यक्रम: अपने दौरे के दौरान वे वृंदावन भी जाएंगे, जहाँ श्री मलूकनाथ जी महाराज की 452वीं जयंती महोत्सव में शामिल होंगे।
- अन्य परियोजनाएं: सीएम योगी करोड़ों की अन्य विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास भी करेंगे, जिससे आगरा की एयर कनेक्टिविटी और स्थानीय उद्योगों (आईटी और इलेक्ट्रॉनिक्स) को बल मिलेगा।
प्रशासनिक तैयारी: मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह ने तैयारियों का जायजा लिया है और सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। आगरा अब लखनऊ और नोएडा की तर्ज पर ‘ग्रेटर आगरा’ के रूप में एक नियोजित शहर (Planned City) बनने की ओर अग्रसर है।
ग्रेटर आगरा प्रोजेक्ट और जेवर (नोएडा) इंटरनेशनल एयरपोर्ट के बीच का संबंध बेहतर कनेक्टिविटी, आर्थिक विकास और पर्यटन पर आधारित है। यह प्रोजेक्ट असल में जेवर एयरपोर्ट के चालू होने के बाद आगरा में बढ़ने वाली मांग को पूरा करने के लिए बनाया गया है।
मुख्य संबंध निम्नलिखित बिंदुओं में देखे जा सकते हैं:
1. हाई-स्पीड कनेक्टिविटी (Yamuna Expressway)
- दूरी और समय: ग्रेटर आगरा से जेवर एयरपोर्ट की दूरी लगभग 140–145 किमी है। यमुना एक्सप्रेसवे के जरिए इस दूरी को 1 घंटा 45 मिनट से 2 घंटे में तय किया जा सकता है।
- डायरेक्ट एक्सेस: आगरा के कुबेरपुर से यमुना एक्सप्रेसवे पर चढ़कर सीधे जेवर टोल या जेवर कट तक पहुंचा जा सकता है, जो एयरपोर्ट से मात्र 5-10 किमी दूर है।
2. नया 74.3 किमी लिंक एक्सप्रेसवे
- उत्तर प्रदेश सरकार ने एक 74.3 किमी लंबा नया लिंक रोड/एक्सप्रेसवे मंजूर किया है जो यमुना एक्सप्रेसवे और गंगा एक्सप्रेसवे को जोड़ेगा।
- यह कॉरिडोर आगरा और ग्रेटर नोएडा के बीच यात्रा को और आसान बनाएगा, जिससे आगरा के लोग बिना किसी ट्रैफिक रुकावट के सीधे जेवर एयरपोर्ट पहुंच सकेंगे।
3. पर्यटन और अर्थव्यवस्था को बूस्ट
- विदेशी पर्यटकों के लिए आसान रास्ता: अब तक अंतरराष्ट्रीय पर्यटक दिल्ली (IGI) उतरकर आगरा आते थे। जेवर एयरपोर्ट शुरू होने के बाद, पर्यटक सीधे आगरा के नजदीक उतर सकेंगे, जिससे आगरा में पर्यटकों की संख्या (Footfall) काफी बढ़ जाएगी।
- लॉजिस्टिक्स और इंडस्ट्री: जेवर एयरपोर्ट एक बड़ा कार्गो हब भी होगा। ग्रेटर आगरा प्रोजेक्ट के तहत बनने वाली टाउनशिप और औद्योगिक क्षेत्र सीधे तौर पर इस एयरपोर्ट से निर्यात-आयात (Export-Import) के लिए जुड़ेंगे।
4. रियल एस्टेट और निवेश (Real Estate Boom)
- जेवर एयरपोर्ट के कारण यमुना एक्सप्रेसवे के किनारे और आगरा के उत्तरी इलाकों (जहाँ ग्रेटर आगरा विकसित हो रहा है) में जमीन की कीमतों में भारी उछाल आने की उम्मीद है।
- ग्रेटर आगरा में आवासीय और कमर्शियल संपत्तियों की मांग इसलिए भी बढ़ेगी क्योंकि लोग एयरपोर्ट के नजदीक एक नियोजित शहर (Planned City) में रहना पसंद करेंगे।
“5 हजार करोड़ से ज्यादा का निवेश और सीधे जेवर एयरपोर्ट से जुड़ता आगरा का भविष्य; सीएम योगी का यह मास्टरप्लान ताजनगरी को ग्लोबल मैप पर नई ऊंचाई देगा। फिलहाल इस रिपोर्ट में इतना ही, देश और दुनिया की तमाम खबरों के लिए बने रहिए हमारे साथ। आप देख रहे हैं सावधान नेशन न्यूज़।”